सरकारी नौकरियां यहाँ देख सकते हैं :-

सरकारी नौकरी करने के लिए बंपर मौका 8वीं 10वीं 12वीं पास कर सकते हैं आवेदन, 1000 से भी ज्यादा रेलवे की सभी नौकरियों की सही जानकारी पाने के लिए यहाँ क्लिक करें 

आंखों के रंग में बदलाव, इस बीमारी के हैं संकेत

6
हेल्थ डेस्क: आज के इस भाग दौड़ की जिंदगी में बहुत से लोग ऐसे हैं। जिनके आंखों के रंग में बदलाव हो रहा हैं। यह बदलाव इंसान के लिए बहुत खतरनाक होता हैं। इसलिए लोगों को इसके बारे में सही जानकारी होनी चाहिए ताकि लोग इसका ख्याल रख सके। आज जाने की कोशिश करेंगे उस बीमारी के बारे में जिन बीमारी के कारण आंखो के रंग में बदलाव होते हैं। साथ ही साथ आंखों में कई तरह की परेशानियां उत्पन हो जाती हैं। तो आइये इसके बारे में जानते हैं विस्तार से की आंखो के रंग में बदलाव, इस बीमारी के हैं संकेत।
ट्रेकोमा, आंखों के रंग में बदलाव ट्रेकोमा बीमारी के संकेत होते हैं। जब किसी व्यक्ति को ट्रेकोमा की बीमारी होती हैं तो उस व्यक्ति के आंखों में सूजन की समस्या जन्म ले लेती हैं और धीरे धीरे आंखों में संक्रमण हो जाता हैं। जिसके कारण आंख के रंग में बदलाव होते हैं। आंख हल्का पीला या लाल रंग का दिखता हैं। यह बीमारी इंसान के लिए बहुत खतरनाक होता हैं। इसलिए लोगों को इससे सावधान रहना चाहिए। क्यों की इससे आंखों की रोशनी धीरे धीरे कम होने लगती हैं और आंख ख़राब हो जाता हैं।
ट्रेकोमा के कारण, ट्रेकोमा बीमारी होने का सबसे बड़ा कारण प्रदूषण होता हैं। प्रदूषण के कारण धीरे धीरे आंखों में संक्रमण की समस्या जन्म ले लेती हैं और इंसान इस बीमारी से ग्रसित हो जाता हैं। इतना ही नहीं शरीर में विटामिन ए, विटामिन बी और विटामिन ई के कमी के कारण भी ट्रेकोमा की बीमारी हो जाती हैं। धूम्रपान के सेवन से भी इस बीमारी के होने का खतरा रहता हैं।
ट्रेकोमा के उपचार, अगर किसी व्यक्ति के आंखों के रंग में बदलाव होता हैं और वो व्यक्ति ट्रेकोमा बीमारी से ग्रसित हो जाता हैं तो उसे सबसे पहले डॉक्टर की सलाह लेनी चाहिए। साथ ही साथ उसे विटामिन ए और विटामिन बी युक्त आहार का सेवन करना हैं और थोड़ी थोड़ी देर पर ठंडे पानी से अपने आंख को साफ करते रहना चाहिए। इससे आंखों में मौजूद गंदगी बाहर आ जाते हैं और इंसान को ट्रेकोमा बीमारी से छुटकारा मिल जाता हैं। साथ ही साथ ट्रेकोमा की बीमारी से बचने के लिए आप धूम्रपान का सेवन बिल्कुल भी ना करें।

Advertisement

Comments are closed.